सोल में राजनाथ सिंह की बड़ी कूटनीतिक पहल, दक्षिण कोरिया संग हुए अहम रक्षा समझौते

भारत और दक्षिण कोरिया के बीच बुधवार को कई महत्वपूर्ण समझौतों का आदान-प्रदान हुआ। इनमें डिफेंस साइबर सहयोग को बढ़ावा देने संबंधी समझौता, भारत के नेशनल डिफेंस कॉलेज और दक्षिण कोरिया की कोरिया नेशनल डिफेंस यूनिवर्सिटी के बीच सहयोग तथा संयुक्त राष्ट्र शांति स्थापना अभियानों में सहयोग से जुड़े समझौते शामिल हैं। इन समझौतों को दोनों देशों की साझेदारी को अधिक व्यापक, बहुआयामी और भविष्य उन्मुख बनाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। ये समझौते दक्षिण कोरिया में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की मौजूदगी में हुए।
सियोल में रक्षा सहयोग पर हुई अहम बैठकें
दक्षिण कोरिया यात्रा के दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने वहां के रक्षा मंत्री आन ग्यू-बैक और डिफेंस एक्विजिशन प्रोग्राम एडमिनिस्ट्रेशन के मंत्री ली योंग-चेओल से महत्वपूर्ण मुलाकातें कीं। सियोल में हुई इन बैठकों में भारत और दक्षिण कोरिया के बीच रक्षा, रक्षा उद्योग, साइबर सुरक्षा, तकनीकी सहयोग और रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत बनाने पर व्यापक चर्चा हुई।
क्षेत्रीय शांति और रणनीतिक साझेदारी पर जोर
दक्षिण कोरियाई रक्षा मंत्री आन ग्यू-बैक के साथ वार्ता के बाद राजनाथ सिंह ने कहा कि दोनों देशों के बीच रक्षा और रणनीतिक सहयोग को और गहरा करने के लिए सकारात्मक और सार्थक चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि भारत और दक्षिण कोरिया क्षेत्रीय शांति, स्थिरता और तकनीकी सहयोग के प्रति साझा प्रतिबद्धता रखते हैं। उन्होंने कहा कि भारत और दक्षिण कोरिया के बीच विशेष रणनीतिक साझेदारी आने वाले समय में और अधिक मजबूत होगी तथा दोनों देश साझा हितों और क्षेत्रीय सुरक्षा के मुद्दों पर मिलकर काम करते रहेंगे।
संयुक्त विकास और रक्षा उत्पादन पर सहमति
रक्षा मंत्री ने दक्षिण कोरिया के डिफेंस एक्विजिशन प्रोग्राम एडमिनिस्ट्रेशन के मंत्री ली योंग-चेओल से भी मुलाकात की। इस दौरान दोनों नेताओं ने संयुक्त विकास, संयुक्त उत्पादन और संयुक्त निर्यात के नए अवसर विकसित करने पर सहमति व्यक्त की। दोनों पक्षों ने रक्षा उत्पादन और रक्षा प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में सहयोग को नई ऊंचाइयों तक ले जाने की आवश्यकता पर जोर दिया। बैठक में महत्वाकांक्षी ‘काइंड-एक्स’ पहल के रोडमैप पर भी चर्चा हुई। इस पहल का उद्देश्य भारत और दक्षिण कोरिया के नवाचार तंत्र और तकनीकी क्षमताओं को जोड़कर रक्षा क्षेत्र में आधुनिक और उन्नत समाधान विकसित करना है।
नेशनल सेमेट्री ऑफ कोरिया में वीर सैनिकों को श्रद्धांजलि
इन महत्वपूर्ण बैठकों से पहले रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह बुधवार सुबह सियोल स्थित नेशनल सेमेट्री ऑफ कोरिया पहुंचे, जहां उन्होंने देश के वीर सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने पुष्प अर्पित कर उन सैनिकों को नमन किया, जिन्होंने अपने राष्ट्र की सेवा में सर्वोच्च बलिदान दिया। रक्षा मंत्री ने कहा कि वीर जवानों का साहस, समर्पण और देशभक्ति आने वाली पीढ़ियों के लिए हमेशा प्रेरणा का स्रोत बनी रहेगी।
हिंद-प्रशांत क्षेत्र में सहयोग को मिलेगी नई गति
रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि राजनाथ सिंह का यह दौरा भारत-दक्षिण कोरिया रक्षा संबंधों को नई गति देगा। साथ ही यह वार्ता हिंद-प्रशांत क्षेत्र में सामरिक संतुलन, रक्षा सहयोग और तकनीकी साझेदारी को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
