केंद्र ने जम्मू-कश्मीर के LG को राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनजर टेलीकॉम सेवाओं पर दिए बड़े अधिकार

केंद्र सरकार ने जम्मू और कश्मीर के उपराज्यपाल को केंद्र शासित प्रदेश में टेलीकॉम सेवाओं पर महत्वपूर्ण नियंत्रण अधिकार प्रदान कर दिए हैं। इन अधिकारों में सार्वजनिक सुरक्षा और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों में सिग्नल इंटरसेप्शन, टेलीकॉम सेवाओं का निलंबन और संदेशों को डिक्रिप्ट करने की शक्तियां शामिल हैं।
केंद्र सरकार की ओर से आधिकारिक अधिसूचना जारी
इस संबंध में गुरुवार को केंद्र सरकार की ओर से आधिकारिक अधिसूचना जारी की गई। अधिसूचना में राष्ट्रपति के निर्देश का हवाला देते हुए कहा गया है कि जम्मू-कश्मीर के प्रशासक (उपराज्यपाल) टेलीकम्युनिकेशन एक्ट, 2023 की धारा 20 की उपधारा (2) के तहत राज्य सरकार के अधिकारों का इस्तेमाल करेंगे। यह व्यवस्था राष्ट्रपति के नियंत्रण में रहेगी।
इन अधिकारों से क्या हो सकेगा?
– सार्वजनिक आपात या सुरक्षा हित में प्रसारण को ब्लॉक करना
– संदिग्ध संचार का इंटरसेप्शन (सुनना)
– एन्क्रिप्टेड संदेशों को डिक्रिप्ट करने का आदेश
– टेलीकॉम सेवाओं को अस्थायी रूप से निलंबित करना
ये शक्तियां खासतौर पर आतंकवाद विरोधी अभियानों के दौरान उपयोगी
ये शक्तियां खासतौर पर आतंकवाद विरोधी अभियानों के दौरान उपयोगी साबित होती हैं। सुरक्षा बल अक्सर उन इलाकों में मोबाइल और इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर देते हैं, जहां आतंकियों से मुठभेड़ चल रही होती है, ताकि आतंकी अपने साथियों से संपर्क न कर सकें और सुरक्षा बलों की रणनीति का पता न लगा सकें। इस कदम से खुफिया एजेंसियों और सुरक्षाबलों को आतंकवादियों के संचार नेटवर्क को ट्रैक करने और उनकी लोकेशन का पता लगाने में और आसानी होगी। (इनपुट-एजेंसी)
