खेल मंत्री मांडविया ने वर्ल्ड कप गोल्ड मेडलिस्ट ईशा सिंह और नीरू ढांडा को किया सम्मानित
केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने गुरुवार को आईएसएसएफ वर्ल्ड कप में स्वर्ण पदक जीतने वाली भारतीय निशानेबाज ईशा सिंह और नायब सूबेदार नीरू ढांडा को उनकी शानदार उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया। इस दौरान उन्होंने दोनों खिलाड़ियों को भविष्य की प्रतियोगिताओं के लिए शुभकामनाएं देते हुए सरकार की ओर से हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।
एलए ओलंपिक 2028 में पदक की जताई उम्मीद
दोनों खिलाड़ियों से बातचीत के दौरान डॉ. मांडविया ने कहा कि सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है कि भारतीय खिलाड़ी प्रत्येक टूर्नामेंट में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने कहा कि निशानेबाजी भारत के सबसे महत्वपूर्ण खेलों में से एक है और लॉस एंजिल्स ओलंपिक 2028 तथा कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 को देखते हुए यह देश के लिए पदक दिलाने वाला प्रमुख खेल है। उन्होंने खिलाड़ियों से एलए ओलंपिक 2028 में भी पदक जीतने की उम्मीद जताई।
टॉप्स और खेलो इंडिया जैसी योजनाओं का मिला लाभ
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भारतीय निशानेबाजों की उपलब्धियां ‘टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम’ (टॉप्स), नेशनल सेंटर्स ऑफ एक्सीलेंस, खेलो इंडिया और वैज्ञानिक कोचिंग सहायता जैसी पहलों के सकारात्मक परिणाम हैं। उन्होंने बताया कि अर्जुन अवार्ड से सम्मानित ईशा सिंह टॉप्स के कोर ग्रुप का हिस्सा हैं, जबकि नीरू ढांडा टॉप्स के डेवलपमेंट ग्रुप में शामिल हैं। दोनों खिलाड़ी खेलो इंडिया कार्यक्रम से भी जुड़ी रही हैं और अब एशियन गेम्स 2026 की तैयारियों में जुटी हैं।
नीरू ढांडा ने रचा इतिहास
हरियाणा के जींद की रहने वाली 26 वर्षीय नायब सूबेदार नीरू ढांडा ने इटली के लोनाटो में आयोजित आईएसएसएफ वर्ल्ड कप में स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रचा। वह वर्ल्ड कप में ट्रैप स्पर्धा का गोल्ड जीतने वाली पहली भारतीय महिला निशानेबाज बनीं। उन्होंने क्वालिफिकेशन राउंड में 125 में से 121 अंक हासिल कर नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया और फाइनल में फ्रांस की पूर्व विश्व चैंपियन कैरोल कॉर्मेनियर को हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इससे पहले वह एशियन शूटिंग चैंपियनशिप 2025 में भी स्वर्ण पदक जीत चुकी हैं।
ईशा सिंह का शानदार प्रदर्शन जारी
21 वर्षीय ईशा सिंह ने चीन के हांग्जू में आयोजित आईएसएसएफ वर्ल्ड कप की महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतकर इस वर्ष अपना दूसरा वर्ल्ड कप गोल्ड हासिल किया। एशियन गेम्स की दो रजत पदक विजेता ईशा ने फाइनल में चीन की चुनौती को मात दी। पिछले वर्ष उन्होंने 10 मीटर एयर पिस्टल में अपना पहला आईएसएसएफ वर्ल्ड कप खिताब जीता था। इसके बाद दोहा में महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर विश्व चैंपियनशिप में पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनीं। उन्होंने म्यूनिख वर्ल्ड कप में 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में 43 अंकों के विश्व रिकॉर्ड स्कोर के साथ स्वर्ण पदक भी अपने नाम किया।


