आखिर अचानक क्यों बढ़ने लगी गोल्ड की अपेक्षा आर्टिफीसियल ज्वैलरी की मांग।

5
अलीगढ़ में बढ़ती लूट-स्नैचिंग की घटनाओं के डर से महिलाएं गोल्ड की जगह आर्टिफिशियल की ओर हो रही है आकर्षित, गोल्ड-डायमंड की ज्वैलरी पहनने से महिलाओं को अपनी जान का लगने लगा है खतरा, गोल्ड और डायमंड ज्वैलरी के अनुपात में आर्टिफिशियल ज्वैलरी की मांग में हुआ इजाफा, पुलिस प्रशासन लगातार ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाने का कर रहा है प्रयास।
एक दौर हुआ करता था जब महिलाएं हर वक्त सोने के आभूषणों को पहना करती थी, सिर से पांव तक तमाम तरह की गोल्ड और डायमंड की ज्वेलरी प्रयोग में लाया करती थी । किसी विशेष मौके पर तो मानो महिलाओं के लिए गोल्ड और डायमंड के आभूषण कपड़ों की तरह साज-शृंगार में प्रयोग करना विशेष हुआ करता था, सोने-हीरो के आभूषण ही ज्यादा प्रयोग में लाये जाते थे । लेकिन समय परिवर्तन होने के साथ ही चांदी प्रचलन में आ गई, चांदी के आभूषणों ने अपनी जगह बनानी शुरू की जो महिलाएं सिर्फ और सिर्फ पैरों में पहला करती थी । चांदी ने भी अपनी पकड़ बनाई और पैरों से ऊपर महिलाओं की कमर में सजने लगी धीरे-धीरे हीरे के जवाहरात लोगों की हैसियत से आगे बढ़ने लगा तो सोने के साथ-साथ चांदी भी बराबरी करने लगी ।पिछले कुछ वर्ष पूर्व आर्टिफिशियल ज्वेलरी भी प्रचलन में आ गई। अब दौर इतना बदल गया की सोने-हीरे-चांदी की ज्वेलरी को पछाड़ते हुए आर्टिफिशियल ज्वेलरी दिन दूनी रात चौगुनी तरक्की कर गई और महिलाएं सोने और गोल्ड की ज्वेलरी की अपेक्षा आर्टिफिशियल ज्वेलरी प्रयोग करने लगी हैं। आर्टिफिशियल ज्वेलरी की बढ़ती डिमांड को देखते हुए पड़ताल की गई तो कुछ तथ्य ऐसे सामने आए जिन्होंने शासन पुलिस प्रशासन पर सवालिया निशान खड़े कर दिए । क्योंकि हीरे के जवाहरात महंगे होने के कारण लोगों की पकड़ से दूर हो गए लेकिन सोने चांदी के आभूषणों की अपेक्षा आर्टिफिशियल ज्वेलरी महिला द्वारा प्रयोग करना एक डर सामने आया दरअसल प्रदेश में लूट, स्नैचिंग और डकैती जैसी लगभग हर रोज होने वाली घटनाओं ने महिलाओं के दिमाग पर सीधा असर किया है, महिलाओं को सड़क पर चलते हुए, बच्चों को स्कूल छोड़ने जाते वक़्त, मॉर्निंग वॉक करते हुए, बाजार में घूमते हुए, घर के दरवाजे पर खड़े होने और किसी भी पार्टी में सोने और गोल्ड की ज्वैलरी पहने से डर लगने लगा है।
अमित (गोल्ड ज्वेलर्स)
भुवनेश वार्ष्णेय (आर्टिफिशियल ज्वेलर्स)
गौरी पाठक (महिला)
मंजू वार्ष्णेय (महिला)
वहीं अलीगढ़ के एसएसपी अजय साहनी का कहना है कि पुलिस द्वारा लगातार चेन स्नेचिंग, लूट, डकैती जैसी तमाम छोटी से छोटी और बड़ी से बड़ी घटनाओं का अनावरण किया जा रहा है, अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए ऐसे अपराधियों को चिन्हित कर कार्यवाही की जा रही है।
अजय साहनी (SSP अलीगढ़)

You might also like More from author

Leave A Reply

Your email address will not be published.